ऋण और अग्रिम --> फुटकर उधार --> वी - इक्विप योजना
|
| वी - इक्विप योजना |
| |
प्रयोजन |
चुकौती |
|
पात्रता |
गारंटीकर्ता |
ऋण की मात्रा |
प्रतिभूति |
ब्याज दर |
संसाधन
प्रभार |
फार्म डाउनलोड करें -
एचटीएमएल |
पीडीएफ |
उधारदाताओं की देयता संबंधी उचित व्यवहार संहिता |
|
| |
एक अनुकूल वित्त योजना होने के नाते, उपभोक्ता टिकाऊ वस्तुएं खरीदने के लिए वी-इक्विप ऋण लिया
जा सकता है जैसे; कंप्यूटर, रेफ्रिजरेटर, टेलिविज़न, एअर कंडीशनर, उपकरण, घरेलू उपकरण आदि.
|
| |
|
प्रयोजन
|
इनकी खरीदारी के लिए:
- उपभोक्ता टिकाऊ वस्तुएं जैसे: रेफ्रिजरेटर, एअर कंडीशनर, फर्नीचर, किचन उपकरण, वैक्सूम क्लीनर,
बिजली के उपकरण, घरेलू उपकरण, सोलर वाटर हीटर, साउंट सिस्टम, टेलिविज़न.
- पेशेवरों और स्व-नियोजित व्यक्तियों के लिए जरूरी उपकरण.
|
| |
|
पात्रता
|
- नीचे उल्लिखित शर्तें पूरी करनेवाले वेतन-भोगी
- 21 और 60 वर्ष की उम्र के बीच के व्यक्ति
- वह, इसका स्थाई कर्मचारी हो: :
- राज्य/केंद्र सरकार, रक्षा/पुलिस बल अथवा स्वायत्त निकाय.
- सरकारी क्षेत्र/संयुक्त क्षेत्र का उपक्रम अथवा निगम.
- प्रतिष्ठित सार्वजनिक लिमिटेड कंपनी.
- प्रतिष्ठित शैक्षिक संस्था/सहायता प्राप्त कॉलेज/स्कूल.
- कोई भी निजी प्रतिष्ठान.
- उसने न्यूनतम सेवा की हो जिससे कि यह सुनिश्चित किया जा सके कि उसकी सेवानिवृत्ति से एक वर्ष से
पहले समग्र देयता चुकाई जाती है.
- उसका निवल वेतन, इस समय आवेदन किया गया ऋण चुकाने के लिए पर्याप्त होना चाहिए.
- आवेदक का वेतन, शाखा में रखे गए उसके खाते में जमा होना चाहिए और उसे नियोक्ता के नाम दो प्रतियों
में इस आशय का पत्र देना चाहिए कि वह, बैंक से सहमति प्राप्त किए बगैर वेतन अधिदेश वापस न लें. शाखा
द्वारा नियोक्ता के पास यह पत्र पंजीकृत डाक से भेजा जाए और भेजा गया सबूत, रेकॉर्ड में रखा जाए
अथवा
- अगर नियोक्ता के पास, स्टाफ सदस्यों के बैंक के खाते में वेतन जमा करने की कोई पद्धति न हो तो
ऋण मंजूर करने से पहले नियोक्ता से इस आशय का पत्र लिया जाएगा कि वह वेतन से मासिक क़िस्तें/ब्याज
काटकर उसे बैंक में तब तक प्रेषित करेगा जब तक कि उनको बैंक से इसके प्रतिकूल कोई जानकारी न मिले.
- हमारे बैंक के जरिए सेवा पेंशन (आरपीआर, परिवार पेंशन आदि) पानेवाले पेंशनर.
- पेशेवर और स्व-नियोजित व्यक्ति जैसे; डॉक्टर, इंजीनियर, वास्तुविद्, सनदी लेखाकार, वकील,
सलाहकार, कृषक, व्यवसायी आदि, जिनकी उम्र 70 वर्ष से कम हो और जिनकी स्वतंत्र आय हो.
|
| |
|
ऋण की मात्रा
|
- अगर नियोक्ता द्वारा वेतन, हिताधिकारी के बचत बैंक/चालू खाते में जमा किया जा रहा हो और वेतन
संबंध अधिदेश, नियोक्ता के पास भेजा गया हो और उसकी पावती मिली हो अथवा नियोक्ता ने वचन दिया हो कि
वह, क़िस्तें तब तक प्रेषित करेगा जब तक कि उसे बैंक से कोई प्रतिकूल सूचना न मिले - पिछले सौ तक
पूर्णांकित कर बीजक कीमत का 100% और अधिकतम 3.00 लाख रु.
- पेंशनरों के मामले में:
-- पिछले सौ तक पूर्णांकित कर बीजक कीमत का 100% और अधिकतम 1.50 लाख रु.
- गैर-वेतन-भोगियों के मामले में:
-- पिछले सौ तक पूर्णांकित कर बीजक कीमत का 100% और अधिकतम 2.00 लाख रु..
|
| |
|
ब्याज दर
|
|
15.02.2007 से :
|
(बीपीएलआर = 12.25%)
|
|
रकम
|
ब्याज दर प्रति वर्ष - अस्थिर
|
| कोई भी रकम |
12.75% (बीपीएलआर + 0.50%) |
|
| |
|
चुकौती
|
- प्रोनोट - समग्र ऋण, अधिकतम 60 समान मासिक क़िस्तों में ब्याज के साथ चुकाना होगा. गैर-वेतन-भोगी
उधारकर्ताओं के मामले में, उधारकर्ता की गतिविधि के स्वरूप तथा उसकी आय प्राप्ति की आवधिकता के आधार
पर तिमाही/अर्ध-वार्षिक/वार्षिक अंतराल में चुकौती अनुसूची भी तय की जाए.
- परिचालन सीमा - 18 महीनों के लिए सीमा तय की जाए.
|
| |
|
गारंटीकर्ता
|
- नियमित रूप से चुकाए गए प्रोनोट ऋण का, अतिरिक्त ऋण राशि लेने के लिए, 24 महीनों बाद किसी भी समय
नवीकरण किया जा सकता है.
- 18 महीनों के बाद ओडी(एम) की समीक्षा की जाए.
|
|
नवीकरण
|
वेतन-भोगियों के मामले में
क. अगर वेतन, सीधे जमा किया जा रहा हो अथवा बैंक को स्वीकार्य एक गारंटीकर्ता नियोक्त
ा ने क़िस्तें प्रेषित करने का वचन दिया हो.
|
|
|
|